माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की ओर से आयोजित होने वाली हाई स्कूल और इंटरमीडिएट की प्री बोर्ड परीक्षाएं आज यानी सोमवार से शुरू हो गई है। लंबे इंतजार और छुट्टियों के बाद परीक्षा प्रक्रिया की शुरुआत होने से छात्रों, अभिभावकों और शिक्षकों में एक बार फिर शैक्षणिक माहौल देखने को मिल रहा है। यह परीक्षाएं बोर्ड परीक्षा से पहले छात्रों की तैयारी को परखने और उन्हें वास्तविक परीक्षा का अनुभव देने के लिए बेहद अहम मानी जाती हैं।
शीतलहर के कारण बदला गया था परीक्षा कार्यक्रम

दरअसल, पहले हाई स्कूल और इंटरमीडिएट की प्री बोर्ड परीक्षाएं 7 जनवरी से शुरू होने वाली थीं। लेकिन जिले में अचानक बढ़ी भीषण शीतलहर और अत्यधिक ठंड को देखते हुए प्रशासन ने छात्रों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी। इसी कारण 12वीं तक के सभी स्कूलों में 10 जनवरी तक अवकाश घोषित कर दिया गया था। ठंड के इस प्रकोप के चलते परीक्षा कार्यक्रम को भी स्थगित करना पड़ा, ताकि छात्रों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
आज से दोबारा खुले स्कूल
लगातार छुट्टियों के बाद आज यानी सोमवार से सभी स्कूल दोबारा खुल गए है। स्कूल खुलते ही शैक्षणिक गतिविधियों में तेजी देखने को मिल रही है। शिक्षक जहां परीक्षा संचालन की तैयारियों में जुटे है, वहीं छात्र भी एकाग्र होकर परीक्षा देने के लिए स्कूल पहुंच रहे है। लंबे ब्रेक के बाद स्कूलों में फिर से रौनक लौट आई है और परीक्षा का माहौल बन गया है।
संशोधित कार्यक्रम के अनुसार शुरू हुई परीक्षाएं

संशोधित कार्यक्रम की रिपोर्ट के अनुसार हाई स्कूल और इंटरमीडिएट की प्री बोर्ड परीक्षाएं आज से विधिवत रूप से शुरू हो गई है। बोर्ड द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुसार सभी केंद्रों पर परीक्षा शांतिपूर्ण और अनुशासित तरीके से कराई जा रही है। प्रशासन और शिक्षा विभाग ने यह सुनिश्चित किया है की परीक्षा प्रक्रिया में किसी भी तरह की अव्यवस्था न हो।
परीक्षा का समय और व्यवस्था
माध्यमिक शिक्षा बोर्ड द्वारा निर्धारित समय के अनुसार प्री बोर्ड परीक्षाएं सुबह 10:00 बजे से दोपहर 1:15 बजे तक आयोजित की जा रही हैं। छात्रों को समय से पहले परीक्षा केंद्र पर पहुंचने के निर्देश दिए गए है, ताकि जांच और अन्य औपचारिकताओं में कोई दिक्कत न हो। परीक्षा केंद्रों पर पर्याप्त निगरानी, कक्ष निरीक्षक और सुरक्षा व्यवस्था की गई है।
छात्रों के लिए क्यों जरूरी है प्री बोर्ड परीक्षाएं
प्री बोर्ड परीक्षाएं छात्रों के लिए काफी महत्वपूर्ण मानी जाती है, क्योंकि इससे उन्हें बोर्ड परीक्षा से पहले अपनी तैयारी का सही आकलन करने का मौका मिलता है। इन परीक्षाओं के माध्यम से छात्र अपनी कमजोरियों को पहचान सकते है और समय रहते उनमें सुधार कर सकते है। साथ ही, प्रश्नपत्र के पैटर्न और समय प्रबंधन की भी अच्छी प्रैक्टिस हो जाती है।
शिक्षकों और अभिभावकों की भूमिका
प्री बोर्ड परीक्षा के दौरान शिक्षकों और अभिभावकों की भूमिका भी बेहद अहम होती है। शिक्षक जहां छात्रों का मार्गदर्शन कर रहे है, वहीं अभिभावक भी बच्चों को मानसिक रूप से मजबूत बनाए रखने की कोशिश कर रहे है। ठंड और छुट्टियों के बाद अचानक परीक्षा शुरू होने से छात्रों पर दबाव न पड़े, इसके लिए सभी मिलकर सहयोग कर रहे है।
बोर्ड परीक्षा की तैयारी का अहम चरण
कुल मिलाकर देखा जाए तो हाई स्कूल और इंटरमीडिएट की प्री बोर्ड परीक्षाएं बोर्ड परीक्षा की तैयारी का एक अहम चरण है। इन परीक्षाओं के सफल आयोजन से छात्रों को आत्मविश्वास मिलेगा और वे आगामी बोर्ड परीक्षा के लिए और बेहतर ढंग से तैयार हो सकेंगे। अब सभी की निगाहें इस बात पर टिकी है की छात्र इन परीक्षाओं में कैसा प्रदर्शन करते है और इससे उन्हें कितनी मदद मिलती है।