राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (RBSE) ने साल 2026 में होने वाली बोर्ड परीक्षा

राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (RBSE) ने साल 2026 में होने वाली बोर्ड परीक्षाओं को पूरी तरह से पारदर्शी, निष्पक्ष और सुरक्षित बनाने के लिए अपनी तैयारियां तेज कर दी है। इस दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए शुक्रवार को बोर्ड सचिव श्री गजेंद्र सिंह राठौड़ की अध्यक्षता में एक अहम समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में परीक्षाओं की सफल और सुचारू योजना को लेकर अंतिम रूपरेखा तय की गई, ताकि किसी भी स्तर पर कोई चूक न हो।

समीक्षा बैठक में शामिल हुए 150 से अधिक अधिकारी

इस उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में शिक्षा विभाग के संयुक्त निदेशक, जिला शिक्षा अधिकारी और अन्य वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। कुल मिलाकर 150 से ज्यादा अफसरों की मौजूदगी ने यह साफ कर दिया कि बोर्ड इस बार परीक्षाओं को लेकर कोई भी जोखिम नहीं लेना चाहता। बैठक का मुख्य उद्देश्य परीक्षा संचालन, प्रश्नपत्रों की सुरक्षा, केंद्रों की निगरानी और गोपनीयता जैसे अहम मुद्दों पर विस्तार से चर्चा करना था।

प्रश्नपत्रों की सुरक्षा पर सख्त निर्देश

बोर्ड सचिव श्री गजेंद्र सिंह राठौड़ ने अपने बयान में स्पष्ट शब्दों में कहा कि प्रश्नपत्रों की सुरक्षा, रख-रखाव और गोपनीयता में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि छोटी सी चूक भी भविष्य में बड़ी परेशानी का कारण बन सकती है, जिससे न सिर्फ बोर्ड की छवि खराब होती है बल्कि लाखों छात्रों का भविष्य भी प्रभावित हो सकता है। इसलिए हर स्तर पर जिम्मेदार अधिकारियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए है।

परीक्षा केंद्रों की कड़ी निगरानी

RBSE की योजना के अनुसार, 2026 की बोर्ड परीक्षाओं के दौरान परीक्षा केंद्रों पर कड़ी निगरानी रखी जाएगी। इसके लिए उड़नदस्तों (फ्लाइंग स्क्वॉड) की संख्या बढ़ाई जाएगी और संवेदनशील केंद्रों पर विशेष पर्यवेक्षक तैनात किए जाएंगे। साथ ही CCTV कैमरों और अन्य तकनीकी साधनों के जरिए भी परीक्षा प्रक्रिया पर नजर रखी जाएगी, ताकि नकल या किसी तरह की अनियमितता को रोका जा सके।

पारदर्शिता के लिए तकनीक का सहारा

बोर्ड ने इस बार तकनीक के बेहतर उपयोग पर भी जोर दिया है। प्रश्नपत्रों की छपाई से लेकर उनके वितरण तक हर चरण को ट्रैक करने की व्यवस्था की जाएगी। डिजिटल रिकॉर्ड और समयबद्ध रिपोर्टिंग सिस्टम के जरिए यह सुनिश्चित किया जाएगा की हर गतिविधि का स्पष्ट लेखा-जोखा मौजूद रहे। इससे किसी भी तरह की गड़बड़ी की संभावना काफी हद तक कम हो जाएगी।

अधिकारियों को दी गई स्पष्ट जिम्मेदारियां

समीक्षा बैठक में सभी संबंधित अधिकारियों को उनकी जिम्मेदारियां स्पष्ट रूप से बताई गईं। जिला स्तर पर शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिए गए है की वे परीक्षा केंद्रों की भौतिक जांच समय रहते पूरी कर लें। केंद्रों पर बैठने की व्यवस्था, प्रकाश, पानी और सुरक्षा जैसे बुनियादी इंतजामों में कोई कमी नहीं होनी चाहिए।

छात्रों के भविष्य को प्राथमिकता

बोर्ड सचिव ने यह भी कहा कि RBSE का मुख्य लक्ष्य छात्रों को एक निष्पक्ष और तनावमुक्त परीक्षा माहौल देना है। परीक्षा में पारदर्शिता बनाए रखने से छात्रों का भरोसा बढ़ेगा और वे बिना किसी डर के अपनी परीक्षा दे सकेंगे। उन्होंने कहा कि बोर्ड छात्रों के भविष्य से जुड़ा हुआ है, इसलिए हर फैसला पूरी जिम्मेदारी के साथ लिया जा रहा है।

कुल मिलाकर, राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की यह पहल साफ तौर पर दिखाती है कि 2026 की बोर्ड परीक्षाओं को लेकर प्रशासन पूरी तरह गंभीर है। सख्त नियम, तकनीकी निगरानी और अधिकारियों की जवाबदेही के जरिए RBSE एक उदाहरण पेश करना चाहता है। अगर ये सभी योजनाएं जमीन पर सही तरीके से लागू होती हैं, तो निश्चित रूप से राजस्थान बोर्ड परीक्षाएं पारदर्शिता और निष्पक्षता के मामले में एक नया मानक स्थापित करेंगी।