RTI का जवाब नहीं मिला? जानिए प्रथम अपील कैसे करें और क्या हैं आपके अधिकार

अगर आपने किसी सरकारी विभाग में सूचना का अधिकार (RTI) अधिनियम, 2005 के तहत आवेदन किया है, लेकिन निर्धारित समय में जवाब नहीं मिला, तो आप प्रथम अपील कर सकते हैं। RTI कानून नागरिकों को सरकारी रिकॉर्ड तक पहुंचने का अधिकार देता है और सूचना न मिलने की स्थिति में अपील की व्यवस्था भी करता है।

RTI का जवाब कितने दिनों में मिलना चाहिए?

सामान्य मामलों में RTI आवेदन मिलने के 30 दिनों के भीतर सूचना दी जानी चाहिए। यदि आवेदन सहायक लोक सूचना अधिकारी (APIO) के माध्यम से दिया गया है, तो सामान्यतः पांच दिन अतिरिक्त जुड़ते हैं। जीवन या स्वतंत्रता से संबंधित मामलों में 48 घंटे के भीतर सूचना देने का प्रावधान है।

कुछ विशेष परिस्थितियों में अलग समय-सीमा लागू हो सकती है।

RTI का जवाब न मिलने पर क्या करें?

यदि निर्धारित समय में सूचना नहीं मिलती या आपको लगता है कि मांगी गई जानकारी गलत तरीके से रोकी गई है, तो आप संबंधित विभाग के प्रथम अपीलीय अधिकारी (First Appellate Authority) के पास अपील कर सकते हैं।

प्रथम अपील सामान्यतः उस समय-सीमा के समाप्त होने या PIO का निर्णय मिलने से 30 दिनों के भीतर की जाती है। पर्याप्त कारण होने पर अपीलीय अधिकारी देरी से दाखिल अपील स्वीकार कर सकता है।https://www.youtube.com/watch?v=B4XhnUph4ZY&pp=ygUJYXZtIHRpbWVz

प्रथम अपील कैसे लिखें?

प्रथम अपील में ये जानकारियां शामिल करें:

  1. संबंधित सरकारी विभाग का नाम।
  2. जन सूचना अधिकारी का नाम या पदनाम, यदि उपलब्ध हो।
  3. मूल RTI आवेदन की तारीख और पंजीकरण संख्या।
  4. मांगी गई सूचना का संक्षिप्त विवरण।
  5. जवाब न मिलने या प्राप्त जवाब से असंतुष्ट होने का कारण।
  6. मांगी गई राहत, जैसे सूचना उपलब्ध कराने का अनुरोध।
  7. अपीलकर्ता का नाम, पता और तारीख।

मूल RTI आवेदन, डाक रसीद, प्राप्त जवाब और अन्य संबंधित दस्तावेजों की प्रतियां संलग्न करें।

प्रथम अपील कहां जमा करें?

अपील उसी सार्वजनिक प्राधिकरण के संबंधित प्रथम अपीलीय अधिकारी को भेजें, जहां मूल RTI आवेदन दिया गया था। विभाग की आधिकारिक वेबसाइट पर अपीलीय अधिकारी का विवरण देखें। अपील ऑनलाइन या ऑफलाइन, उपलब्ध व्यवस्था और लागू नियमों के अनुसार दाखिल की जा सकती है।

प्रथम अपील के बाद भी जवाब नहीं मिला तो?

यदि प्रथम अपील के निर्णय से आप संतुष्ट नहीं हैं या निर्धारित समय में निर्णय नहीं मिलता, तो लागू प्रावधानों के अनुसार संबंधित केंद्रीय सूचना आयोग या राज्य सूचना आयोग में द्वितीय अपील की जा सकती है।

द्वितीय अपील सामान्यतः प्रथम अपीलीय अधिकारी के निर्णय की तारीख या उस तारीख से, जब निर्णय दिया जाना चाहिए था, 90 दिनों के भीतर दाखिल की जाती है। देरी होने पर पर्याप्त कारण बताने पर आयोग उसे स्वीकार कर सकता है।https://avmtimes.in/%e0%a4%a6%e0%a4%bf%e0%a4%b2%e0%a5%8d%e0%a4%b2%e0%a5%80-%e0%a4%ae%e0%a5%87%e0%a4%82-rti-%e0%a4%95%e0%a5%88%e0%a4%b8%e0%a5%87-%e0%a4%b2%e0%a4%97%e0%a4%be%e0%a4%8f%e0%a4%82-%e0%a4%9c%e0%a4%be%e0%a4%a8/

RTI से जुड़े महत्वपूर्ण अधिकार

  • सरकारी रिकॉर्ड और दस्तावेजों की प्रतियां मांगना।
  • उपलब्ध रिकॉर्ड का निरीक्षण करना।
  • लागू नियमों के अनुसार सूचना प्राप्त करना।
  • निर्धारित समय में सूचना न मिलने पर अपील करना।
  • कानून के तहत पात्र मामलों में सूचना आयोग से शिकायत या अपील करना।

ध्यान दें कि RTI के तहत हर प्रकार की जानकारी प्राप्त करना अनिवार्य नहीं है। कानून में कुछ सूचनाओं को छूट दी गई है।

निष्कर्ष

RTI का जवाब न मिलने पर परेशान होने के बजाय निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार प्रथम अपील करें। आवेदन की प्रति, पंजीकरण संख्या और डाक रसीद सुरक्षित रखें। सही अधिकारी के पास समय पर अपील दाखिल करने से आपके मामले पर नियमानुसार कार्रवाई की संभावना बेहतर होती है।

AVM Times की सलाह: अपील करने से पहले सूचना का अधिकार अधिनियम, 2005 और संबंधित विभाग के आधिकारिक नियमों को जरूर देखें।

आधिकारिक स्रोत